

इस रत्न को रूबी का उपरत्न माना जाता है। जो लोग माणिक मँहगा होने के कारण धारण नहीं कर सकते, वह इसे धारण कर सकते हैं. इस रत्न पर सूर्य का स्वामित्व है अतः यह रत्न बहुत ही प्रभावशाली होने के साथ साथ जिस जातक की कुंडली में सूर्य अशुभ घर में विराजमान है तथा सूर्य के अशुभ प्रभावों का सामना करना पड़ रहा है उन्हें यह रत्न धारण करने से सूर्य के दोषों से मुक्ति मिलती है।
सनस्टोन ज्योतिष में सूर्य ग्रह का रत्न है। यह माणिक्य (रूबी) का उपरत्न है, इसलिए जो लोग माणिक्य नहीं ले सकते वे सूर्य को मज़बूत करने के लिए इसे पहनते हैं – आत्मविश्वास, नेतृत्व, मान-सम्मान और सही निर्णय के लिए। इसे रविवार को अनामिका उंगली में पहना जाता है। पूरी जानकारी
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विवरण
| रत्न: | सनस्टोन |
| भार रत्ती में: | 4.5- 7 रत्ती |
| मूल: | ब्राज़ील |
| अभिमंत्रित: | पंडित सूरज शास्त्री |
इस रत्न को रूबी का उपरत्न माना जाता है। जो लोग माणिक मँहगा होने के कारण धारण नहीं कर सकते, वह इसे धारण कर सकते हैं. इस रत्न पर सूर्य का स्वामित्व है अतः यह रत्न बहुत ही प्रभावशाली होने के साथ साथ जिस जातक की कुंडली में सूर्य अशुभ घर में विराजमान है तथा सूर्य के अशुभ प्रभावों का सामना करना पड़ रहा है उन्हें यह रत्न धारण करने से सूर्य के दोषों से मुक्ति मिलती है।
सनस्टोन रविवार के दिन सोने की अंगूठी, ब्रेसलेट या लॉकेट में जड़वाकर अनामिका अंगूली में पहनना चाहिये ताकि पहनने वाले को इसका लाभ मिल सके लेकिन इससे पहले अंगूठी, ब्रेसलेट या लॉकेट को कच्चे दूध व गंगाजल के मिश्रण में डुबोए रखें ताकि वह शुद्ध हो जाए। इसके बाद पूजा-अर्चना करने पर ही यह रत्न धारण करना चाहिए। याद रखे कि अंगूठी, ब्रेसलेट या लॉकेट मे सनस्टोन कम से कम सवा पांच रत्ती का अवश्य होना चाहिये।
इस रत्न को हमारे अनुभवी ज्योतिषी पंडित सूरज शास्त्री जी द्वारा अभिमंत्रित किया गया है जिससे यह आपको जल्द ही शुभ फल दे। इस रत्न के साथ सर्टिफिकेट भी दिया जाएगा जो इस रत्न के ओरिजनल होने का प्रमाण है।
| हिंदी नाम | सूर्यकांत मणि |
|---|---|
| स्वामी ग्रह | सूर्य |
| किसका उपरत्न | माणिक्य |
| उपयुक्त राशि | सिंह, मीन और तुला (हमारे ज्योतिषियों के अनुसार) |
| उंगली और धातु | अनामिका उंगली, सोना या तांबा |
| धारण करने का दिन | रविवार की सुबह |
| मंत्र | ॐ घृणि सूर्याय नमः |
| वजन और उत्पत्ति | 5.25–8 रत्ती, ब्राज़ील |
| कीमत | ₹1,500 |
सूर्य का मुख्य रत्न माणिक्य है। सनस्टोन इसका उपरत्न है, जो किफ़ायती है और समान फल देता है।
यह आत्मविश्वास, साहस, नेतृत्व, मान-सम्मान और सही निर्णय के लिए तथा कमज़ोर सूर्य को बल देने के लिए पहना जाता है।
इसे सोने या तांबे में, रविवार की सुबह अनामिका उंगली में, शुद्ध करके और सूर्य मंत्र का 108 बार जाप करके पहनें।
AstroVidhi पर अभिमंत्रित और सर्टिफाइड सनस्टोन की कीमत ₹1,500 है।
यहाँ दी गई जानकारी शास्त्रों और परंपरागत मान्यताओं पर आधारित है; परिणाम व्यक्ति के अनुसार अलग हो सकते हैं। अपनी कुंडली के अनुसार सही उपाय चुनने के लिए हमारे ज्योतिषी से सलाह लें।