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चतुर्मुखी रुद्राक्ष पेंडेंट

चतुर्मुखी रुद्राक्ष पेंडेंट

चतुर्मुखी रुद्राक्ष छात्रों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है, छात्रों के लिए यह दैवीय उपहार है। इसके धारण करते ही शीघ्र शिक्षा का लाभ मिलता है। इस रुद्राक्ष का सम्बन्ध बुध ग्रह से होता है। इसके देवता ब्रह्म देव है, इसके धारण करते ही छात्रों की बुद्धि का विकास होता है तथा मन पढाई में लगता है।

डिलीवरी: 5-8 दिनों में डिलीवरी
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अभिमंत्रित: फ्री अभिमन्त्रण आचार्य रमन जी द्वारा

चतुर्मुखी रुद्राक्ष छात्रों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है, छात्रों के लिए यह दैवीय उपहार है। इसके धारण करते ही शीघ्र शिक्षा का लाभ मिलता है। इस रुद्राक्ष का सम्बन्ध बुध ग्रह से होता है। इसके देवता ब्रह्म देव है, इसके धारण करते ही छात्रों की बुद्धि का विकास होता है तथा मन पढाई में लगता है।

कलयुग में यह रुद्राक्ष किसी वरदान से कम नहीं है क्योंकि इसके धारण करने से ह्त्या के दोषी मनुष्य पाप कर्म से मुक्त हो जाते है तथा वो मुक्ति को प्राप्त करता है।

कौन धारण कर सकता है चतुर्मुखी रुद्राक्ष पेंडेंट

वैसे तो रुद्राक्ष किसी भी राशि के जातक धारण कर सकते है परन्तु वृषभ, मिथुन, कन्या, तुला, मकर व कुम्भ लग्न के जातकों के लिए यह रुद्राक्ष बहुत ही लाभकारी होता है।

चतुर्मुखी रुद्राक्ष पेंडेंट के लाभ

  • जो जातक स्नायु दुर्बलता, मानसिक रोग, बुखार, दमा, पित्त तथा नसों से सम्बंधित रोगों से परेशान है, उनके लिए यह रुद्राक्ष बहुत ही लाभकारी होता है।
  • इस रुद्राक्ष के प्रभाव से वाणी में मधुरता आती है तथा चेहरे पर तेजस्विता आती है।
  • इस रुद्राक्ष को धारण करने के कुछ दिनों में ही आपको शारीरिक, मानसिक, सांसारिक दुःखों से छुटकारा मिलता है।
  • जन्म कुंडली में अगर किसी प्रकार की अशुभता है तो यह रुद्राक्ष अवश्य धारण करना चाहिए इसके प्रभाव से बुध ग्रह मजबूत हो जाता है। जीवन में उत्पन्न हो रही अशुभता दूर हो जाती है।  
  • एकाग्रता बढ़ाने के लिए तथा वैज्ञानिक अध्ययन तथा धार्मिक ग्रंथों के अध्ययन में चतुर्मुखी रुद्राक्ष पेंडेंट धारण करना लाभकारी होता है।

धारण विधि

चतुर्मुखी रुद्राक्ष पेंडेंट सोमवार के दिन धारण करना चाहिए। चतुर्मुखी रुद्राक्ष पेंडेंट  को धारण करने से पूर्व  ॐ ह्रीं नमः  मंत्र का 11 बार जाप करने से ब्रह्म देव की विशेष कृपा बरसती है।

हमसे क्यों लें               

चतुर्मुखी रुद्राक्ष पेंडेंट को हमारे पंडितजी द्वारा अभिमंत्रित करने के बाद ही आपके पास भेजा जाएगा, जिसके फल स्वरुप आपको अति शीघ्र इस रुद्राक्ष का पूर्ण लाभ मिल सके।

 

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