बाबा रामदेव पर शनि की दशा और साढ़े साती

बाबा रामदेव का जन्म १९६५ में २५ दिसम्बर को रात को ८ बजकर २४ मिनिट पर महेंद्रगढ़ में हुआ था ।

बाबा रामदेव जी की यह जन्म कुंडली बहुत ही पावरफुल है क्योंकि देखिये लग्न को लग्नेश , लाभेश , दशमेश तीनों देख रहे हैं । दशमेश दशम भाव को भी देख रहा है और धन भाव को भी । कुंडली भी बता रही है की बाबाजी की उलटी आँख  में दिक्कत है  क्योंकि उसका भाव स्वामी केतु से पीढित है । बुध क्योंकि नसों का कारक है इसलिए उनको आँखों की नसों में समस्या है । योग गुरु बाबा रामदेव जी का जन्म श्रवण नक्षत्र के प्रथम चरण में हुआ था । इस नक्षत्र के प्रथम चरण में जन्मा जातक अपनी क्षमता से समाज और देश में अपना नाम बनाता है । हम जानते हैं की  बाबा रामदेव का नाम आज विश्व प्रसिद्द है । सन २००० से बाबा रामदेव जी की गुरु की दशा चल रही थी जिसने बाबाजी को इतनी ऊंचाईयों पर पहुंचा दिया । गुरु की दशा प्रारम्भ हुई है । साथ ही बाबाजी की शनि की साढ़े साती भी शुरू हो गयी है । बाबा रामदेव जी का कर्क लग्न है और शनि कार्य ही विस्तार करना है । उसने बाबाजी को मोटापा न देकर बड़ा नाम दे दिया..

१७ जून 2016  से योग गुरु बाबा रामदेव जी की कुण्डली में शनि अष्टम भाव में बैठा हुआ है , शनि की साढ़े साती भी प्रारम्भ हो गयी है । शनि, बाबा रामदेव जी की कुंडली में ७,८,१० भाव दर्शाता है किन्तु वह उपनक्षत्र स्तर पर षष्ट भाव से जुड़ा हुआ है । कुंडली में सूर्य और गुरु का दृष्टि सम्बन्ध भी एक विशेषता है । बाबाजी जो को बड़े बड़े लोग जानते हैं और उनका सम्मान करते हैं इस देन में इस योग का भी हाथ है । बाबाजी ने राजनीती करने की भी कोशिश करी किन्तु उस क्षेत्र में विफलता ही हाथ लगी और सम्मान को भी ठेस पहुंची । देखिये शनि की महादशा और गोचर का बाबा रामदेव जी पर दोहरा आरोप… 

अब जो समय बाबा रामदेव जी का चल रहा है वह अच्छा नहीं है और आने वाले समय में हम देखेंगे की बाबाजी सुर्ख़ियों में तो आएंगे किन्तु गलत कारणों के लिए । शनि व्यक्ति के अहंकार को पूर्णतः नष्ट कर देता है । आने वाले समय बाबाजी के कारोबार पर सरकारी डंडा चलने के भी आसार हैं । बाबाजी का स्वास्थय भी कुछ नरम गरम रह सकता है । बाबाजी ने काले धन के खिलाफ बहुत मुहीम चलाई और मोदी जी के नोट बंदी के फैसले का भी समर्थन करा किन्तु क्या आप जानते हैं की अनजाने में ही बाबाजी स्वयं काले धन को प्रोत्साहित कर रहे हैं ।

इनके ब्रांड पतंजलि के उत्पाद जब आप लेते हैं तो शायद ही कोई विक्रेता कार्ड से या वॉलेट से पेमेंट लेता है और साथ ही बिल भी नहीं देता । ऐसा मैंने स्वयं ही बहुत जगह देखा है तो मेरा उनसे अनुरोध है की अपने सामान के बेचने वालों को निर्देश दें की पक्का बिल दिया करें और कैशलेस भुगतान को स्वीकार करना अनिवार्य करें अन्यथा आगे चलकर  पतंजलि खुद ही कालेधन की मशीन बन सकता है । बाबा रामदेव जी स्वयं ही अपने उत्पादों का विज्ञापन करते हैं और आम तौर पर उनका एजेंडा रहता है की पतंजलि का सामान इसलिए लो क्योंकि बाकी लोग नकली खराब अथवा घटिया स्तर का सामान दे रहे हैं ।

मैं बाबा रामदेव जी से पूछना चाहता हूँ की क्या आप इसलिए अच्छे हैं क्यंकि दुसरे लोग बुरे हैं या फिर आप इसलिए अच्छे हैं क्योंकि आप हैं , दूसरा क्या कर रहा है क्या नहीं उस से आपको क्या लेना देना है ? और अगर आपको इतनी ही फ़िक्र है तो मुफ्त में सरसों का तेल बाँटिये , मुफ्त में टूथपेस्ट , साबुन , दूध पाउडर दीजिये — वैसे भी बाबा को धन से क्या लेना देना होता है ? एक प्रकार से देखा जाये तो आप भी दूसरे बाबाओं से कैसे अलग हैं जो धर्म अध्यात्म ज्योतिष अथवा अन्य इसी प्रकार की बातों से लोगों को बनाकर अपना उल्लू सीधा कर रहे हैं , आपने भी योग को अपनी सीढी बनाया किन्तु अब आपको सावधान रहना चाहिए । आपसे अनुरोध है की आप अपने सामान के विक्रेताओं को टीवी पर आकर बोलें की वह कैशलेस भुगतान को बढ़ावा दें और हर माल का पक्का बिल भी दें । शनि की दशा और साढ़े साती का आपके ऊपर और आपके व्यवसाय के ऊपर क्या प्रभाव होगा उसका मैंने थोड़ा सा हिंट तो दे दिया है बाकी आगे स्वयं देखने में आएगा ही ।